षड्बल कैलकुलेटर
बल षष्ट्यंश में नापा जाता है; 60 षष्ट्यंश का एक रूप। कम बल का मतलब “बुरा ग्रह” नहीं होता — सिर्फ़ यह कि वह ग्रह अपना फल देने में ज़्यादा समय लेता है।
यह कैलकुलेटर क्या बताता है
यह हर ग्रह की षड्बल निकालता है — यानी “यह ग्रह मज़बूत है” को अंदाज़े की जगह गिनती में बदल देता है। पाँच मुख्य ग्रह और उनकी कुल ताक़त, अलग-अलग हिस्सों में तोड़कर।
हिसाब कैसे होता है
षड्बल का मतलब है छह तरह का बल। गणना BPHS की शैली से होती है और आँकड़े विरूप में आते हैं — 60 विरूप = 1 रूप। छह हिस्से हैं: स्थान (स्थिति का), दिग् (दिशा का), काल (समय का), चेष्टा (गति का), नैसर्गिक (स्वाभाविक) और दृक् (दृष्टि का)। सबका जोड़ ही कुल बल है।
नतीजा कैसे पढ़ें
सिर्फ़ कुल आँकड़ा देखना अधूरा है — हिस्सा देखना ज़्यादा काम का है। एक ग्रह स्थान बल में मज़बूत पर चेष्टा बल में कमज़ोर हो सकता है, और उसका मतलब अलग होता है। एक बात साफ़: अलग-अलग ग्रंथ और सॉफ़्टवेयर इन बिंदुओं पर कुछ विरूप का अंतर दिखाते हैं — यह सामान्य है, ग़लती नहीं।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
कितना बल अच्छा माना जाता है?
परंपरा हर ग्रह के लिए अलग निचली सीमा बताती है। इसलिए एक ही आँकड़ा सब ग्रहों पर नहीं लगता — पन्ने पर हर ग्रह का अपना हिस्सा अलग दिया जाता है।
षड्बल और अष्टकवर्ग में क्या फ़र्क है?
षड्बल ग्रह की अपनी ताक़त नापता है। अष्टकवर्ग राशि को बिंदु देता है। एक ग्रह का सवाल है, दूसरा क्षेत्र का।
दूसरी साइट से आँकड़ा अलग क्यों आता है?
क्योंकि कुछ उप-बल की गणना पर ग्रंथ आपस में पूरी तरह सहमत नहीं हैं। कुछ विरूप का अंतर आम है — बड़े अंतर पर ही शक करना चाहिए।
